जब प्रकाश की किरण कोलॉइडी विलयन से गुजरती है, तो उसके कण प्रकाश को प्रकीर्णित कर देते हैं और प्रकाश का मार्ग दिखाई देने लगता है। इस घटना को टिंडल प्रभाव (Tyndall effect) कहते हैं।
धूल भरे कमरे में खिड़की से आती सूर्य की किरण का मार्ग दिखाई देना इसका उदाहरण है।