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परिमेय और अपरिमेय का योग या गुणनफल (Sum or Product of Rational and Irrational)

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आज क्या सीखेंगे

परिमेय और अपरिमेय का योग या गुणनफल (Sum or Product of Rational and Irrational) से जुड़े प्रश्न स्वयं हल करना।

📖 उदाहरण से समझें (Learn with an Example)
एक छात्र पूछता है: 5 और √2 को जोड़ने पर क्या मिलेगा — भिन्न या नहीं?
🧠 समझिए (Understand)
परिमेय में अपरिमेय जोड़ने या घटाने पर उत्तर अपरिमेय होता है।
गैर-शून्य परिमेय से अपरिमेय को गुणा करने पर भी उत्तर अपरिमेय है। शून्य से गुणा करने पर शून्य मिलता है।
परिमेय संख्या और अपरिमेय का अंतर भी अपरिमेय है। अपरिमेय को शून्य से अलग परिमेय से भाग देने पर अपरिमेय मिलता है।
शून्य × अपरिमेय = 0, जो परिमेय है। दो अपरिमेयों का योग या गुणनफल कभी परिमेय, कभी अपरिमेय हो सकता है; जैसे √2 × √2 = 2।
सूत्र (Formula)
परिमेय ± अपरिमेय = अपरिमेय; (परिमेय ≠ 0) × अपरिमेय = अपरिमेय
✍️ कैसे करें (How to solve)
  1. कारण समझें: अगर उत्तर परिमेय मान लें, तो परिमेय हिस्सा हटाने पर अपरिमेय संख्या भी परिमेय बन जाएगी, जो विरोध है।
  2. यहाँ एक संख्या परिमेय और दूसरी अपरिमेय होना ज़रूरी है। दो अपरिमेय संख्याओं पर यही नियम न लगाएँ।
उदाहरण 1 (Example 1) — 3 और √2 का योग
एक परिमेय (3) और एक अपरिमेय (√2) का योग कैसा होगा?

प्रयुक्त नियम (Rule)

परिमेय संख्या और अपरिमेय संख्या का योग या अंतर अपरिमेय होता है। गैर-शून्य परिमेय संख्या से अपरिमेय संख्या का गुणा भी अपरिमेय होता है।

चरण (Step) 1 — दोनों संख्याओं का प्रकार देखें

3 को 3 बटा 1 लिख सकते हैं, इसलिए यह परिमेय है। 2 पूर्ण वर्ग नहीं है, इसलिए उसका वर्गमूल अपरिमेय है।
3 = 3/1

चरण (Step) 2 — उत्तर परिमेय मानकर देखें

मान लें 3 + √2 का मान x परिमेय है। तब 3 घटाने पर वर्गमूल 2 मिलेगा।
√2 = x − 3

चरण (Step) 3 — विरोध को समझें

दो परिमेय संख्याओं को घटाने पर परिमेय संख्या मिलती है। पर यहाँ वर्गमूल 2 मिला, जो अपरिमेय है। इसलिए हमारी मान्यता गलत है।

उत्तर (Answer)

अपरिमेय

उदाहरण 2 (Example 2) — −4 और √2 का गुणनफल
एक परिमेय (−4) और एक अपरिमेय (√2) का गुणनफल कैसा होगा?

प्रयुक्त नियम (Rule)

परिमेय संख्या और अपरिमेय संख्या का योग या अंतर अपरिमेय होता है। गैर-शून्य परिमेय संख्या से अपरिमेय संख्या का गुणा भी अपरिमेय होता है।

चरण (Step) 1 — दोनों संख्याओं का प्रकार देखें

-4 को -4 बटा 1 लिख सकते हैं, इसलिए यह परिमेय है। 2 पूर्ण वर्ग नहीं है, इसलिए उसका वर्गमूल अपरिमेय है।
-4 = -4/1

चरण (Step) 2 — उत्तर परिमेय मानकर देखें

मान लें (-4) × √2 का मान x परिमेय है। तब -4 से भाग देने पर वर्गमूल 2 मिलेगा।
√2 = x ÷ (-4)

चरण (Step) 3 — विरोध को समझें

परिमेय संख्या को गैर-शून्य परिमेय संख्या -4 से भाग देने पर परिमेय संख्या मिलती है। पर यहाँ वर्गमूल 2 मिला, जो अपरिमेय है। इसलिए मान्यता गलत है।

उत्तर (Answer)

अपरिमेय

⚠️ आम ग़लती (Common mistake)
5 + √2 को परिमेय मान लेना ❌
परिमेय में अपरिमेय जुड़ने पर परिणाम अपरिमेय ही रहता है
5 + √2 अपरिमेय है

खुद जाँचें — 3 छोटे सवाल

पहले विकल्प चुनें। फिर उत्तर और उसका कारण देखें। यह समझ की जाँच है।

सवाल 1

0 × √2 कैसा है?

सवाल 2

5 − √3 कैसा है?

सवाल 3

√2 × √2 कैसा है?
💡 टिप (Tip)
गुणा में शून्य की छूट याद रखें। दो अपरिमेय भी परिमेय गुणनफल दे सकते हैं: √2 × √2 = 2।
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