सही विकल्प: (A) संयोजन अभिक्रिया
दो या अधिक अभिकारक से एक उत्पाद बने तो संयोजन अभिक्रिया है।
सही विकल्प: (B) प्रकाश
तीर पर सूर्य का प्रकाश लिखा है।
CaO और H₂O मिलकर कैल्सियम हाइड्रॉक्साइड Ca(OH)₂ बनाते हैं।
दो अभिकारक से एक उत्पाद बनता है, इसलिए संयोजन अभिक्रिया है। ऊष्मा निकलती है, इसलिए ऊष्माक्षेपी भी है।
उत्तर: CaO(s) + H₂O(l) → Ca(OH)₂(aq) + ऊष्मा; संयोजन तथा ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया।
जल का वैद्युत अपघटन चित्र में दिखाए अनुसार दो गैसें देता है। H₂O में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन परमाणु का अनुपात 2:1 है।
2H₂O(l) —विद्युत→ 2H₂(g) + O₂(g)
समीकरण में H₂ का गुणांक 2 और O₂ का 1 है, इसलिए H₂:O₂ = 2:1।
उत्तर: दोगुनी मात्रा वाली गैस हाइड्रोजन है; उसका आयतन ऑक्सीजन से दोगुना मिलता है।
आयरन, कॉपर से अधिक क्रियाशील है।
Fe, CuSO₄ से Cu को हटाकर FeSO₄ बनाता है।
नीला विलयन हल्का हरा होता है और कील पर भूरा कॉपर जमता है।
उत्तर: Fe(s) + CuSO₄(aq) → FeSO₄(aq) + Cu(s); यह विस्थापन अभिक्रिया है।
दो यौगिक अपने आयन की जोड़ी बदलते हैं।
Na₂SO₄(aq) + BaCl₂(aq) → BaSO₄(s)↓ + 2NaCl(aq)
BaSO₄ पानी में अघुलनशील सफेद ठोस है; इसलिए यह अवक्षेपण अभिक्रिया भी है।
उत्तर: इस अभिक्रिया में Na⁺/Ba²⁺ की जोड़ियाँ बदलती हैं और BaSO₄ अवक्षेप बनता है।
CuO ने ऑक्सीजन खोई और Cu बना; ऑक्सीजन ह्रास अपचयन है।
H₂ ने ऑक्सीजन लेकर H₂O बनाया; ऑक्सीजन ग्रहण ऑक्सीकरण है।
CuO ने ऑक्सीजन दी, इसलिए वह उपचायक है। H₂ ने CuO से ऑक्सीजन हटाई, इसलिए वह अपचायक है।
उत्तर: H₂ ऑक्सीकृत और CuO अपचयित है; दोनों साथ होने से पूरी अभिक्रिया रेडॉक्स है।
CaCO₃(s) —ऊष्मा→ CaO(s) + CO₂(g)
2AgCl(s) —सूर्य का प्रकाश→ 2Ag(s) + Cl₂(g)
2H₂O(l) —विद्युत→ 2H₂(g) + O₂(g)
उत्तर: तीनों में एक अभिकारक ऊर्जा लेकर दो या अधिक उत्पाद में टूटता है।