सही विकल्प: (D) 10
लाल लिटमस का नीला होना बताता है कि विलयन क्षारीय है।
क्षारीय विलयन का pH 7 से अधिक होता है; दिए गए विकल्पों में केवल 10 ऐसा है।
उत्तर: सही विकल्प (D) 10।
सही विकल्प: (B) HCl
अंडे का छिलका कैल्सियम कार्बोनेट का बना होता है।
चूने के पानी को दूधिया करने वाली गैस CO₂ है, जो कार्बोनेट पर अम्ल की क्रिया से बनती है।
दिए गए विकल्पों में केवल HCl अम्ल है; बाकी तीनों लवण हैं।
उत्तर: सही विकल्प (B) HCl।
सही विकल्प: (D) 16 mL
10 mL NaOH ≡ 8 mL HCl
NaOH 10 mL से 20 mL यानी दोगुना हुआ, इसलिए HCl भी दोगुना चाहिए।
8 × 2 = 16 mL
उत्तर: सही विकल्प (D) 16 mL।
सही विकल्प: (C) ऐन्टैसिड
अपच में पेट में अम्ल की मात्रा बढ़ जाती है।
उसे उदासीन करने के लिए क्षारीय दवा चाहिए, जिसे ऐन्टैसिड कहते हैं।
उत्तर: सही विकल्प (C) ऐन्टैसिड।
आसुत जल शुद्ध होता है और उसमें आयन लगभग नहीं होते।
वर्षा जल गिरते समय हवा की CO₂ और अन्य गैसें घोल लेता है, जिससे उसमें थोड़ा अम्ल बनकर आयन आ जाते हैं।
उत्तर: आसुत जल में आयन न होने से वह विद्युत का चालन नहीं करता; वर्षा जल में घुली गैसों से बने आयनों के कारण वह चालन कर लेता है।
अम्ल + धातु → लवण + हाइड्रोजन गैस। हर भाग में यही रूप लागू होगा।
सल्फ्यूरिक अम्ल + जस्ता → जिंक सल्फेट + हाइड्रोजन
Zn + H₂SO₄ → ZnSO₄ + H₂
हाइड्रोक्लोरिक अम्ल + मैग्नीशियम → मैग्नीशियम क्लोराइड + हाइड्रोजन
Mg + 2HCl → MgCl₂ + H₂
सल्फ्यूरिक अम्ल + ऐलुमिनियम → ऐलुमिनियम सल्फेट + हाइड्रोजन
2Al + 3H₂SO₄ → Al₂(SO₄)₃ + 3H₂
हाइड्रोक्लोरिक अम्ल + लोहा → फेरस क्लोराइड + हाइड्रोजन
Fe + 2HCl → FeCl₂ + H₂
उत्तर: (a) Zn + H₂SO₄ → ZnSO₄ + H₂ (b) Mg + 2HCl → MgCl₂ + H₂ (c) 2Al + 3H₂SO₄ → Al₂(SO₄)₃ + 3H₂ (d) Fe + 2HCl → FeCl₂ + H₂
एक बीकर में कॉर्क पर दो कीलें लगाइए और उन्हें बल्ब, स्विच तथा 6 वोल्ट की बैटरी से जोड़िए।
बीकर में तनु HCl डालकर धारा प्रवाहित कीजिए। बल्ब जल उठता है।
वही प्रयोग ग्लूकोस और ऐल्कोहॉल के विलयनों के साथ अलग-अलग दोहराइए। बल्ब नहीं जलता।
बल्ब का जलना आयनों की उपस्थिति बताता है। अम्ल में H⁺ आयन बनते हैं, पर ग्लूकोस और ऐल्कोहॉल में नहीं।
उत्तर: ग्लूकोस और ऐल्कोहॉल में हाइड्रोजन होते हुए भी वे जल में H⁺ आयन नहीं देते, इसलिए न तो विद्युत का चालन करते हैं और न ही अम्ल कहलाते हैं।