← अध्ययन

अभ्यास — अध्याय 3 की प्रश्नावली (भाग 1) (Chapter Exercise (Part 1))

4 वस्तुनिष्ठ · 3 लघु · 1 दीर्घ

वस्तुनिष्ठ प्रश्न (Objective — 1 अंक प्रत्येक)

  1. निम्न में कौन-सा युग्म विस्थापन अभिक्रिया देगा?
    (A) NaCl विलयन और कॉपर धातु
    (B) MgCl₂ विलयन और ऐलुमिनियम धातु
    (C) FeSO₄ विलयन और सिल्वर धातु
    (D) AgNO₃ विलयन और कॉपर धातु
    उत्तर देखें (See answer)

    सही विकल्प: (D) AgNO₃ विलयन और कॉपर धातु

    विस्थापन तभी होगा जब डाली गई धातु विलयन वाली धातु से अधिक क्रियाशील हो।

    कॉपर, सोडियम से कम क्रियाशील है। ऐलुमिनियम, मैग्नीशियम से कम क्रियाशील है। सिल्वर, आयरन से कम क्रियाशील है। पर कॉपर, सिल्वर से अधिक क्रियाशील है।

    उत्तर: सही विकल्प (D) AgNO₃ विलयन और कॉपर धातु।

  2. लोहे की कड़ाही को जंग से बचाने के लिए निम्न में कौन-सी विधि उपयुक्त है?
    (A) ग्रीस लगाना
    (B) पेंट करना
    (C) जस्ते की परत चढ़ाना
    (D) उपरोक्त सभी
    उत्तर देखें (See answer)

    सही विकल्प: (D) उपरोक्त सभी

    ग्रीस, पेंट और जस्ते की परत—तीनों लोहे को हवा और नमी के संपर्क से बचाते हैं।

    तीनों ही जंग रोकने के मान्य तरीके हैं।

    उत्तर: सही विकल्प (D) उपरोक्त सभी।

  3. कोई तत्व ऑक्सीजन से अभिक्रिया करके ऊँचे गलनांक वाला यौगिक बनाता है, जो जल में घुलनशील भी है। वह तत्व सम्भवतः है—
    (A) कैल्सियम
    (B) कार्बन
    (C) सिलिकॉन
    (D) आयरन
    उत्तर देखें (See answer)

    सही विकल्प: (A) कैल्सियम

    ऊँचा गलनांक और जल में घुलनशीलता—दोनों क्षारकीय धातु ऑक्साइड के लक्षण हैं।

    कार्बन और सिलिकॉन अधातु हैं और उनके ऑक्साइड अम्लीय हैं। आयरन ऑक्साइड जल में अघुलनशील है।

    उत्तर: सही विकल्प (A) कैल्सियम। CaO जल में घुलकर Ca(OH)₂ बनाता है।

  4. खाद्य पदार्थों के डिब्बों पर जस्ते के बजाय टिन की परत क्यों चढ़ाई जाती है?
    (A) क्योंकि जस्ता टिन से महँगा है
    (B) क्योंकि जस्ते का गलनांक टिन से अधिक है
    (C) क्योंकि जस्ता टिन से अधिक क्रियाशील है
    (D) क्योंकि जस्ता टिन से कम क्रियाशील है
    उत्तर देखें (See answer)

    सही विकल्प: (C) क्योंकि जस्ता टिन से अधिक क्रियाशील है

    सक्रियता श्रेणी में जस्ता टिन से ऊपर है।

    अधिक क्रियाशील जस्ता खाद्य पदार्थ के अम्लों से अभिक्रिया करके भोजन को दूषित कर सकता है।

    उत्तर: सही विकल्प (C) क्योंकि जस्ता टिन से अधिक क्रियाशील है।

लघु उत्तरीय प्रश्न (Short Answer — 2 अंक प्रत्येक)

  1. उभयधर्मी ऑक्साइड क्या होते हैं? दो उदाहरण दीजिए।
    उत्तर देखें (See answer)

    जो धातु ऑक्साइड अम्ल और क्षारक, दोनों से अभिक्रिया करके लवण तथा जल देते हैं, वे उभयधर्मी ऑक्साइड कहलाते हैं।

    Al₂O₃ + 6HCl → 2AlCl₃ + 3H₂O
    Al₂O₃ + 2NaOH → 2NaAlO₂ + H₂O

    उत्तर: अम्ल और क्षारक दोनों से लवण तथा जल देने वाले ऑक्साइड उभयधर्मी होते हैं। उदाहरण: ऐलुमिनियम ऑक्साइड (Al₂O₃) और जिंक ऑक्साइड (ZnO)।

  2. दो ऐसी धातुओं के नाम लिखिए जो तनु अम्ल से हाइड्रोजन विस्थापित कर देंगी और दो ऐसी जो नहीं करेंगी।
    उत्तर देखें (See answer)

    सक्रियता श्रेणी में हाइड्रोजन से ऊपर की धातुएँ ही अम्ल से H₂ विस्थापित कर सकती हैं।

    हाइड्रोजन से ऊपर: मैग्नीशियम, जिंक, लोहा। हाइड्रोजन से नीचे: ताँबा, चाँदी, सोना।

    उत्तर: विस्थापित करेंगी: मैग्नीशियम और जिंक। नहीं करेंगी: ताँबा और चाँदी।

  3. किसी धातु M के विद्युत अपघटनी परिष्करण में ऐनोड, कैथोड और विद्युत अपघट्य के रूप में आप क्या लेंगे?
    उत्तर देखें (See answer)

    अशुद्ध धातु M को ऐनोड बनाया जाता है।

    शुद्ध धातु M की पतली पट्टी कैथोड बनाई जाती है।

    उसी धातु M के किसी लवण का विलयन लिया जाता है।

    उत्तर: ऐनोड—अशुद्ध M, कैथोड—शुद्ध M की पट्टी, विद्युत अपघट्य—M के लवण का विलयन। धारा प्रवाहित करने पर शुद्ध M कैथोड पर जमता है और अघुलनशील अशुद्धियाँ ऐनोड पंक के रूप में नीचे बैठ जाती हैं।

दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (Long Answer — 5 अंक प्रत्येक)

  1. आपको एक हथौड़ा, बैटरी, बल्ब, तार और स्विच दिए गए हैं। (a) इनसे धातु और अधातु के नमूनों में अंतर कैसे करेंगे? (b) ये जाँच कितनी उपयोगी हैं, इसका आकलन कीजिए।
    उत्तर देखें (See answer)

    नमूने को हथौड़े से पीटिए। धातु चपटी होकर चादर बनाएगी (आघातवर्ध्यता), जबकि अधातु भंगुर होने के कारण टूटकर चूर्ण बन जाएगी।

    बैटरी, बल्ब, स्विच और तार का परिपथ बनाकर नमूने को उसमें जोड़िए। बल्ब जले तो नमूना विद्युत का सुचालक, यानी धातु है।

    दोनों जाँच अधिकांश नमूनों पर सही काम करती हैं, पर अपवाद हैं—ग्रेफाइट अधातु होकर भी विद्युत का चालन करता है।

    उत्तर: (a) हथौड़े से आघातवर्ध्यता और परिपथ से विद्युत चालकता जाँचिए; दोनों में खरा उतरने वाला नमूना धातु है। (b) ये जाँच उपयोगी तो हैं पर पूर्ण नहीं, क्योंकि ग्रेफाइट जैसे अपवाद इन्हें धोखा दे देते हैं—इसीलिए निर्णायक जाँच ऑक्साइड की प्रकृति देखना है।

अध्याय का सारांश और प्रश्नावली →← पिछला विषय (Previous topic): प्रश्नावली 3.5