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TRE3 — भाषा सामान्य अध्ययन और Maithili

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GS: हिन्दी / English · भाषा के प्रश्न मूल भाषा में रहेंगे।

प्रश्न-पत्र निर्देश

150 प्रश्न · 150 अंक · 2 घंटे 30 मिनट

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प्रश्न 101
‘हमरहु ई सामर्थ्य, दशानन मारि चटपट’ उक्ति किसकी है?
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सही उत्तर: (A) अंगदक

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प्रश्न 102
‘ओकरो नाम’ काव्य-संकलन के कवि कौन हैं?
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सही उत्तर: (B) जीवकान्त

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प्रश्न 103
शिवनाथ और सरला किस खंडकाव्य के नायक-नायिका हैं?
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सही उत्तर: (A) सन्यासी

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प्रश्न 104
‘सृप सृप ऋषिगण चलत पंथ’ पंक्ति किसमें है?
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सही उत्तर: (A) लखिमां में

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प्रश्न 105
रचना और रचनाकार का मिलान कीजिए: (i) अम्बचरित, (ii) रावण वध, (iii) अहिरावण वध, (iv) सीतायन।
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सही उत्तर: (C) i–B, ii–C, iii–A, iv–D

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प्रश्न 106
‘मिथिला भाषा विद्योधन’ किसने लिखा?
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सही उत्तर: (B) पं. दीनबन्धु झा

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प्रश्न 107
पं. गोविन्द झा के अनुसार मैथिली में प्रचलित स्वर युग्मों की संख्या कितनी है?
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सही उत्तर: (A) 8

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प्रश्न 108
स्वन-लोपन व्यापक विशेषता है:
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सही उत्तर: (C) मैथिली की

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प्रश्न 109
‘भात’ शब्द है:
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सही उत्तर: (B) तद्भव

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प्रश्न 110
‘जे’ सर्वनाम है:
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सही उत्तर: (C) सम्बन्धवाचक

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प्रश्न 111
‘चिचियायब’ क्रिया है:
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सही उत्तर: (B) अकर्मक

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प्रश्न 112
वाच्य के भेद होते हैं:
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सही उत्तर: (B) 3

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प्रश्न 113
‘कठखोदही’ में कौन-सा समास है?
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सही उत्तर: (A) द्वितीया तत्पुरुष

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प्रश्न 114
सोहर गीत में टेक रहती है:
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सही उत्तर: (C) ललना रे

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प्रश्न 115
‘आओर’ शब्द का मूल शब्द है:
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सही उत्तर: (A) अवर

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प्रश्न 116
ग्रियर्सन ने मैथिली क्रियापदों को कर्म के आधार पर कितने भागों में बाँटा?
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सही उत्तर: (A) चार भागों में

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प्रश्न 117
मैथिली में भूतकाल के लिए कौन-सी धातु जुड़ती है?
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सही उत्तर: (B) अब

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प्रश्न 118
रचना और व्याकरणिक दृष्टि से वाक्य के कितने भेद होते हैं?
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सही उत्तर: (A) 4

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प्रश्न 119
क्रियापद में विभिन्न प्रत्यय जोड़ने से संज्ञा और विशेषण शब्द बनते हैं; उन्हें कहते हैं:
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सही उत्तर: (A) कृदन्त प्रत्यय

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प्रश्न 120
जो वर्ण मुख से बाहर निकलते समय बदल जाता है, वह कहलाता है:
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सही उत्तर: (A) सानुनासिक

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प्रश्न 121
य, र, ल, व हैं:
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सही उत्तर: (B) अन्तःस्थ व्यंजन

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प्रश्न 122
‘देवर्षि’ शब्द में कौन-सी संधि है?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) गुण स्वर संधि

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प्रश्न 123
‘हँसोड़’ विशेषण का विशेष्य शब्द है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) हँसबह

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प्रश्न 124
‘बुद्धिमान’ शब्द का स्त्रीलिंग शब्द है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) बुद्धिमती

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प्रश्न 125
निम्नलिखित में से शुद्ध वाक्य है:
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सही उत्तर: (A) सीता जनकक पुत्री छलथि

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प्रश्न 126
मैथिली का पहला व्याकरण किसने लिखा?
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सही उत्तर: (C) जॉर्ज अब्राहम ग्रियर्सन

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प्रश्न 127
प्रेरणार्थक क्रियापद में कौन-सी धातु लगाई जाती है?
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सही उत्तर: (A) औक

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प्रश्न 128
मैथिली में क्रियापदों की प्रधान क्रिया कहलाती है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) समापिका क्रिया

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प्रश्न 129
‘तो’ सर्वनाम है:
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सही उत्तर: (B) मध्यम पुरुषवाचक

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प्रश्न 130
‘एतय’ है:
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सही उत्तर: (E) उपर्युक्त में से कोई नहीं

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प्रश्न 131
ब्रह्माण्ड में लाखों तारे हैं। ये सब पृथ्वी के आकार से करोड़ों गुना बड़े हैं और इनमें तापमान, मिट्टी, पत्थर तथा गैस अलग-अलग हैं। इस गद्यांश के अनुसार ब्रह्माण्ड में कितने तारे हैं?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) लाखों तारे

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प्रश्न 132
सूर्य एक छोटा-सा तारा है। अंतरिक्ष की आकाशगंगा में कितने सौरमंडल हैं, इसकी गणना नहीं की जा सकती। इस गद्यांश के अनुसार एक छोटा-सा तारा है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) सूर्य

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प्रश्न 133
सौरकेन्द्रक ईर्ष्या-गिर्द नियत वृत्ताकार या अण्डाकार परिपथ में अनेक ग्रह चक्कर काटते रहते हैं और प्रत्येक ग्रह के चारों ओर अनेक उपग्रह घूमते रहते हैं। अपने सौरमंडल में ग्रहों की संख्या है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (C) नौ

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प्रश्न 134
पृथ्वी का मात्र एक उपग्रह चाँद है, जबकि बृहस्पति के पन्द्रह उपग्रह हैं। इस गद्यांश के अनुसार पन्द्रह उपग्रह किसके हैं?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) बृहस्पति के

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प्रश्न 135
सभी के दिन, रात और साल अलग-अलग होते हैं। अपना चानक दिन-रात चौबीस घंटों का और साल 365 दिन पाँच घंटों का होता है। इस गद्यांश के अनुसार अपना चानक दिन-रात होता है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) चौबीस घंटों के

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प्रश्न 136
अपना चानक साल 365 दिन पाँच घंटों का होता है। घड़ी पर नाचने एक परिक्रमा करने का समय एक साल माना जाता है। इस गद्यांश के अनुसार अपना चानक साल होता है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (C) 365 दिन पाँच घंटों का

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प्रश्न 137
पृथ्वी के घड़ी पर नाचने एक परिक्रमा करने का समय एक साल माना जाता है। धुरी पर नाचने एक परिक्रमा करने का समय माना जाता है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) दिन

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प्रश्न 138
भौतिकी वैज्ञानिक कहते हैं कि सभी ग्रह-उपग्रह एक-दूसरे के गुरुत्वाकर्षण बल से खिंचते हैं और उस बल को संतुलित करते हैं। इस गद्यांश के अनुसार ग्रह-उपग्रह एक-दूसरे को किस बल से खींचते हैं?
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सही उत्तर: (B) गुरुत्वाकर्षण बल

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प्रश्न 139
गुरुत्वाकर्षण बल को संतुलित करते हुए परिक्रमा करने वाले ग्रह-उपग्रह का अभिसारी बल (centrifugal force) है। इस गद्यांश के अनुसार गुरुत्वाकर्षण बल को कौन संतुलित करता है?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (A) अपसारी बल

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प्रश्न 140
चक्कर लगाते परिपथ का आकार तथा परिक्रमा का समय ग्रह-उपग्रह पिंड के भार और आकार पर निर्भर करता है। चक्कर लगाते परिपथ का आकार और परिक्रमा का समय किससे निर्धारित होता है?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (D) उपर्युक्त में से एक से अधिक

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प्रश्न 141
अंकिया नाटक सूत्रधार की प्रमुख विशेषता है कि वह नाटक में आरम्भ से अन्त तक उपस्थित रहता है और कथा की प्रगति, पात्र-प्रवेश एवं निष्क्रमण तथा नाटक के मर्म का संकेत करता है। इस गद्यांश के अनुसार अंकिया नाटक में आरम्भ से अन्त तक उपस्थित रहता है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) सूत्रधार

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प्रश्न 142
सूत्रधार कथा की प्रगति, पात्र-प्रवेश एवं निष्क्रमण तथा नाटक के मर्म का संकेत करता है। यद्यपि ऐसा संकेत-लक्षण ग्रन्थों में उपलब्ध नहीं है। इस गद्यांश के अनुसार अंकिया नाटक में सूत्रधार संकेत करता है:
उत्तर देखें

सही उत्तर: (D) उपर्युक्त में से एक से अधिक

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प्रश्न 143
शंकरदेव की विशेषता है कि उन्होंने ‘नाट्यशास्त्र’ की मौलिक परम्परा में परिवर्तन किया। असम के दर्शक ‘विरिया’, ‘ओझा-पालि’, ‘दायना-पालि’ से परिचित थे। इस गद्यांश के अनुसार नाट्यशास्त्र की मौलिक परम्परा में परिवर्तन किसने किया?
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सही उत्तर: (A) शंकरदेव

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प्रश्न 144
असम के दर्शक ‘विरिया’, ‘ओझा-पालि’, ‘दायना-पालि’ से परिचित थे; अतः उन्होंने ज्ञात-चिह्नित पात्रों के माध्यम से सूत्रधार और परिपार्श्वक के आरोपित नए प्रकार की रचना की। इस गद्यांश के अनुसार असम की प्राचीन पद्धति है:
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सही उत्तर: (B) ओझा-पालि

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प्रश्न 145
शंकरदेव के ‘नाट्यशास्त्र’ की पुरातन परम्परा में मौलिक परिवर्तन सम्भव हुआ, क्योंकि उन्होंने श्रीमद्भागवत के शुकदेव का अनुकरण कर सूत्रधार की योजना की। इस गद्यांश के अनुसार शंकरदेव ने सूत्रधार की परिकल्पना का स्रोत किसे बनाया?
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सही उत्तर: (B) श्रीमद्भागवत

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प्रश्न 146
शंकरदेव ने परम्परागत नाट्य में मौलिक परिवर्तन कर श्रीमद्भागवत के शुकदेव के अनुकरण में सूत्रधार की योजना की। शंकरदेव ने सूत्रधार की योजना किसके अनुकरण में की?
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सही उत्तर: (C) शुकदेव के अनुकरण में

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प्रश्न 147
शंकरदेव ने श्रीमद्भागवत के शुकदेव के अनुकरण में सूत्रधार की योजना की। भागवत के लिए नाट्यशास्त्र में सबसे बड़ा प्रकाश-स्तम्भ कौन है?
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सही उत्तर: (B) प्रकाश स्तम्भ

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प्रश्न 148
शंकरदेव के ‘नाट्यशास्त्र’ में मौलिक परिवर्तन करते हुए सूत्रधार को श्रीमद्भागवत के शुकदेव के अनुकरण में नियोजित किया। इस गद्यांश के अनुसार सूत्रधार को उद्धोषक के रूप में किसने प्रस्तुत किया?
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सही उत्तर: (B) शंकरदेव

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प्रश्न 149
‘अहो सामाजिक लोक, जे चराचर गुरु नारायण सर्व लोकहित कारणे, नन्दक गृहें बेकत हाय, कपटे गोप वेशे परम आनन्द, भगत सबह मनोरथ पुरय, जैसे वृन्दावने नाना रते खोलना कयल, ता देखाह सुनह, निरन्तरे हरि बोल हरि।’ इस पद में निरन्तर सुनने का आग्रह है:
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सही उत्तर: (A) हरि बोल हरि

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प्रश्न 150
‘अहो सामाजिक लोक, जे चराचर गुरु नारायण सर्व लोकहित कारणे, नन्दक गृहें बेकत हाय, कपटे गोप वेशे परम आनन्द, भगत सबह मनोरथ पुरय, जैसे वृन्दावने नाना रते खोलना कयल, ता देखाह सुनह, निरन्तरे हरि बोल हरि।’ ‘चराचर आ सर्व लोकहित कारणे’ किसने कहा?
उत्तर देखें

सही उत्तर: (B) नारायण

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